11/02/2024
संत वैलेंटाइन ने यदि भारत में #गोलगप्पों के #स्वाद और उनकी #महत्ता को जान लिया होता....
तो आज #चॉकलेट_डे नहीं बल्कि #फुलकी/पुचके/बताशे डे होता... #प्रेम_प्रसंग अधिक सफल होते....
भारत के हर गांव व शहर की प्रेमिकाओं पर ₹चॉकलेट से अधिक #गोलगप्पे प्रभावी हैं....
देखने में आया है, अधिकांश प्रेमियों को चॉकलेट भेजने पर #सफलता नहीं मिलती।
#सिल्क या #बबली के बजाय दो तरह के #खट्टे और #मीठे पानी वाले #गोलगप्पों का #गिफ्ट पैक/थैली भेज कर देखिये, निश्चित ही #सफलता हाथ लगेगी
तथ्यों को भी समझियेगा; भारतीय ज्योतिषानुसार खट्टे-मीठे आदि सभी रसों पर शुक्र का अधिकार है और वह प्रेम का कारक ग्रह भी है....
इसलिए चॉकलेट छोड़कर देखिये, बताशों से प्रेम-निवेदन करिये, शुक्र बलवान होगा। प्रपोज़ल अधिक प्रभावी सिद्ध होगा
#पानीपूरीदिवस.