14/12/2025
पति-पत्नी के झगड़े जब थाना या कोर्ट कचहरी पहुंच जाते हैं, तो अक्सर देखा होगा सभी ने कि पुरुष के साथ लोग कम खड़े होते हैं मगर स्त्री के हिमायती उसके साथ बने रहते हैं...क्योंकि
पुरुष के "सज्जन" मित्र , परिचित या रिश्तेदार इसी बात से डरते हैं झूठी स्त्री कहीं यौन शोषण या उत्पीड़न में मेरा नाम भी ना जोड़ दें...
और स्त्री झूठी है ये जानकर भी मक्कार औरतों का साथ देने वाले पुरुष ही अव्वल दर्जे के ठरकी और जिस्म के भूखे भेड़िए होते हैं...
ऐसी मक्कार छुटेली इन्हें आसानी से मिल जाती है और ऐसे लोग छुटेली औरत के बाॅडीगार्ड बने फिरते हैं, उसको गाड़ी पर बैठाकर कोर्ट कचहरी यहां पार्कों में घुमाते मिल जाएंगे...
ऐसे लोग जानते हैं कि ये औरत परिवार से अलग रह रही है, कोई रोकने टोकने वाला नहीं है...
इसीलिए भरपूर मौका मिल जाता है ऐसे लोगों को, मक्कार औरतों के साथ रंगरेलियां मनाने का और उनका जिस्म नोचने का...!!........ ...... ......... ...... ......... ...... ..... ..... .....
समाज में आए दिन ऐसे-ऐसे मामले उजागर हो रहे हैं, जिसमें झूठी औरतें अपने पति को झूठे मुकदमों में फंसाने की खातिर वकील संग हमबिस्तर हो रही है तो कहीं कुछ झूठी धाराएं बढ़वाने की खातिर पुलिसकर्मी संग हमबिस्तर हो रही हैं..!!
अब आप ही देखिए... झूठे और हवस के भूखे रंगरेलियां मना रहे होते हैं और सीधे-सादे इज्जतदार लोग झूठे मुकदमों में जेल जा रहे हैं, या फिर अवसाद में जाकर आत्महत्या तक कर लेते हैं..!!........ ...... ......... ...... ......... ...... ..... ..... .....
ताज्जुब होगा आपको यह जानकर कि अधिकतर मामलों में, अपने पैरों पर खड़े होनहार पुरुष ही शिकार हो रहे हैं....
क्योंकि झूठे मुकदमों में फंसाकर गुजाराभत्ता के रूप में या तलाक लेने के नाम पर धन कमाया जा रहा है बस..!
अतः पुरुष आयोग के गठन पर भी विचार करिए 🙏
#पुरुष_दिवस
#बेटे_हैं_कोई_खिलौन